संपादक

फांसी पर अंतरराष्ट्रीय फरमान
भारत की याचिका पर अंतरराष्ट्रीय कोर्ट ऑफ जस्टिस (आईसीजे) ने पाकिस्तान को लिखकर निर्देश दिया है कि भारत के पूर्व नौसेना अधिकारी कुलभूषण जाधव की फांसी को फिलहाल रोक दिया जाए। यह अंतरराष्ट्रीय मंच पर भारत की गौरतलब जीत है। नीदरलैंड स्थित अंतरराष्ट्रीय अदालत ने भारत-पाक के संदर्भ में ऐसे विरोधाभासों को देखा होगा, जिनके आधार पर यह रोक लगाई गई है। भारत और पाकिस्तान ने इस संदर्भ में 1960 की संधि पर दस्तखत किए थे, लेकिन अंतरराष्ट्रीय कोर्ट के आदेशों का उल्लंघन होता रहा है। 1999 में पाकिस्तान ने भारत के खिलाफ एक याचिका दर्ज की थी, लेकिन तब हमारी दलील थी कि यह आईसीजे का अधिकार क्षेत्र नहीं है।
 
उम्मीदों के बोझ में खत्म न हो बचपन
बच्चों, अभिभावकों और स्वस्थ बालमन के हिमायती पूरे समाज के लिए एक अच्छी खबर। पहले हरियाणा और अब यूपी सरकार ने स्कूलों में शनिवार को नो बैग डे घोषित किया है। हरियाणा सरकार का कदम आंशिक है। अभी सौ स्कूलों के लिए लागू किया गया है। बाकी स्कूलों में इसे चरणबद्ध तरीके से लागू किया जाएगा। मेरा मानना है ये फैसला ऐसा है जिसे किश्तों में लागू करने की जरूरत नहीं है। आप ओपिनियन पोल करा लीजिये आपको पता चल जाएगा मौजूदा शिक्षा व्यवस्था से लोग किस कदर त्रस्त हैं। स्कूलों की मनमानी सहने को मजबूर। स्कूल किस होड़ में हैं समझना मुश्किल है। केवल कमीशन का चक्कर है या फिर किसी बड़ी साजिश का वे जाने अनजाने शिकार हो रहे हैं।
 
तलाक तलाक पर ‘सुप्रीम’ बहस
मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड मुसलमानों की प्रतिनिधि संस्था नहीं है या तीन तलाक सरीखे मुद्दे पर सुप्रीम कोर्ट की संविधान पीठ के सामने बहस शुरू हो सकी है,तो उसका बुनियादी श्रेय प्रधानमंत्री मोदी को जाना चाहिए। अलबत्ता जब से देश आजाद हुआ है, उससे पहले से ही यह कुप्रथा जारी रही है। चूंकि कांग्रेस समेत ज्यादातर दल इसे ‘मजहबी मामला’ मानते हुए दखलंदाजी नहीं करना चाहते थे,लिहाजा मुस्लिम औरतों पर ज़ुल्म और अत्याचार के सिलसिले जारी रहे।
 
प्रश्न संस्था की प्रतिष्ठा का
जस्टिस कर्णन को सुप्रीम कोर्ट ने अदालत की तौहीन के इल्जाम में जेल भेजने का आदेश दिया है। भारत के इतिहास में यह पहला मौका है, जब कोर्ट ने किसी कार्यरत न्यायाधीश के खिलाफ इतना सख्त हुक्म दिया हो। इसके साथ ही सर्वोच्च न्यायालय ने मीडिया को जस्टिस कर्णन के बयान प्रकाशित/प्रसारित करने से रोक दिया है। चूंकि यह अपनी तरह का पहला फैसला है, इसलिए इस पर समाज के कुछ समूहों में व्यग्रता देखी गई है।
 
राजनाथ सिंह का ‘समाधान’
गृह मंत्री राजनाथ सिंह नक्सल प्रभावित राज्यों के मुख्यमंत्रियों की बैठक बुलाई। अब यह इस समस्या के प्रति जारी लापरवाह नजरिए का ही संकेत है कि पश्चिम बंगाल, आंध्र प्रदेश, तेलंगाना और मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री खुद इसमें नहीं आए।
 
अपने ही जाल में केजरीवाल
अरविंद केजरीवाल पर उनकी ही सरकार में मंत्री रहे कपिल मिश्र ने एक अन्य मंत्री सत्येंद्र जैन से दो करोड़ रुपए लेने का आरोप लगाया। केजरीवाल के पूर्व सहयोगियों- आम आदमी पार्टी (‘आप’) से निष्कासित योगेंद्र यादव और प्रशांत भूषण ने कहा है कि उन्हें इस इल्जाम पर भरोसा नहीं है। यही बात पार्टी के असंतुष्ट नेता कुमार विश्वास ने भी कही है, जबकि कपिल मिश्र को उनका ही करीबी माना जाता है।
 
जो तटस्थ हैं समय लिखेगा उनका भी अपराध...
दि ल्ली की राजनीति में बहुत ही दुखद प्रसंग सामने आया है। भ्रष्टाचार विरोधी आंदोलन की उपज मुख्यमंत्री अरविन्द केजरीवाल पर भ्रष्टाचार का आरोप उनके ही द्वारा नियुक्त एक मंत्री लगाया है। कपिल मिश्रा जिन्हें केजरीवाल ने मंत्रिमंडल से बाहर कर दिया, उनका आरोप है कि केजरीवाल ने दो करोड़ उनकी आंख के सामने लिए हैं।
 
संस्कृति बनाम आतंकवाद
खेल, कला, फिल्म, साहित्य, संस्कृति और आतंकवाद साथ-साथ नहीं चल सकते। युद्ध का मैदान और जनता-दर-जनता संबंध स्थापित नहीं हो सकते। ये स्थितियां आपस में पर्याय ही हैं। ये कथन पहले भी कहे जा चुके हैं।
 
सवाल राजनीतिक इच्छाशक्ति का
केंद्र सार्वजनिक बैंकों में एनपीए की बढ़ती समस्या से निपटने के लिए बैंकिंग नियमन कानून में संशोधन करेगा। पहले इसके लिए अध्यादेश लाया जाएगा। अध्यादेश को केंद्रीय मंत्रिमंडल ने मंजूरी दे दी है।
 
ताकि जन-हित सर्वोपरि रहे
जनहित याचिका की धारणा न्यायमूर्ति वीआर कृष्ण अय्यर और न्यायमूर्ति पीएन भगवती के युग में विकसित हुई। उद्देश्य यह संदेश देना था कि न्यायपालिका गरीबों के लिए भी है। यह तो निर्विवाद है कि भारत की महंगी न्याय व्यवस्था के बीच गरीब तो दूर, आम मध्यवर्गीय व्यक्ति के लिए भी अदालत की पनाह की लेना संभव नहीं होता।
 
पाकिस्तान के आगे लाचार?
पाकिस्तान ने फिर बर्बरता दिखाई। जम्मू-कश्मीर में पुंछ स्थित कृष्णा घाटी में उसके सैनिक भारतीय सीमा के अंदर आए और हमारे दो जवानों को मार डाला। इतना ही नहीं, शहीद जवानों के शवों को क्षत-विक्षत भी किया। इस खबर से देश में आक्रोश फैलना वाजिब है। तो शायद इसी के मद्देनजर यह खबर आई कि सरकार ने सेना को जवाबी कार्रवाई करने की पूरी छूट दे दी है।
 
अंतरिक्ष कूटनीति की संभावनाएं
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी रविवार को अपने ‘मन की बात’ के जरिए अपनी दक्षिण एशियाई दृष्टि को फिर से चर्चा में ले आए। उन्होंने कहा- "पांच मई को भारत अपना दक्षिण एशियाई उपग्रह प्रक्षेपित करेगा। पूरे दक्षिण एशिया से सहयोग बढ़ाने की दिशा में यह भारत का महत्त्वपूर्ण कदम है।"
 
कृषि आय पर टैक्स लगे?
क्या खेती से होने वाली आमदनी पर आयकर लगना चाहिए? ये बहस फिर उठी है। शुरुआत नीति आयोग के सदस्य बिबेक देबरॉय के बयान से हुई।
 
नदियों को भी अपना जीवन जीने का नैसर्गिक अधिकार मिले
माँ गंगा और यमुना के बाद अब नर्मदा नदी को भी मनुष्य के समान अधिकार प्राप्त होंगे। देवी नर्मदा भी अब जीवित इंसानों जैसी मानी जाएंगी। मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने इसकी घोषणा की है। जल्द ही विधानसभा में प्रस्ताव पारित कर नर्मदा नदी को इंसान का दर्जा दे दिया जाएगा।
 
शांति से तय होगी बदलाव की राह
दे श बदल रहा है। मोदी सरकार का ये नारा काफी लुभाने वाला है। बहुत से लोगों को लगता है ये प्रगति की प्रेरणा देने वाला मन्त्र है। इस नारे से लोग उत्साहित होते हैं। उनमे अपने देश के प्रति सकारात्मक भाव आता है। भाजपा कार्यकर्ताओं के लिए एक लाइन का ये सूत्रवाक्य बिना किसी तर्क के बदलाव की कहानी बयां करता नजर आता है। आना भी चाहिए। मुझे लगता है सकारात्मक ऊर्जा के लिए ऐसे राजनीतिक मंत्र गढ़े जाने में कोई बुराई नहीं है।
 
योगी राज में उत्तर प्रदेश की कानून व्यवस्था में हो रहा सुधार
उत्तर प्रदेश की योगी सरकार तेजी से फैसले ले रही है। उम्मीद है कि जल्द इसका प्रभाव देखने को मिलेगा। बात आज तक की कि जाये तो फिलहाल कानून व्यवस्था को छोडक़र अन्य फैसलों का अभी जमीन स्तर पर कोई खास असर नहीं दिखाई पड़ रहा है और यह उम्मीद भी नहीं की जा सकती है कि इतनी जल्दी किसी सरकार के फैसले जमीन पर उतर सकते हैं।
 
लेट-लतीफी की इंतहा
यह शायद पहला मौका है कि सुप्रीम कोर्ट ने किसी व्यक्ति को भावी जमानत दी हो। यानी छह महीने बाद की तारीख तय करते हुए कहा कि उस रोज तक निचली अदालत में मामले का फैसला नहीं हुआ, तो अभियुक्त को जमानत पर रिहा कर दिया जाएगा।
 
फिर घातक माओवादी हमला
छत्तीसगढ़ में सुरक्षा बलों पर 2010 के बाद का सबसे बड़ा हमला हुआ। सुकमा के पास बुरकापाल और चिंतागुफा के बीच सडक़ बनाने का काम चल रहा है। ये काम लंबे अरसे से बंद था। कुछ समय पहले सीआरपीएफ की सुरक्षा में ये काम दोबारा शुरू हुआ। सीआरपीएफ की 74वीं बटालियन वहां तैनात है। वहीं तकरीबन 300 माओवादियों ने हमला बोल दिया। इसमें 25 जवान मारे गए।
 
पंद्रह साल का सपना
नीति आयोग ने न्यू इंडिया यानी नए भारत के लिए 300 कार्य बिंदु सुझाए हैं। नीति आयोग के उपाध्यक्ष अरविंद पनगढिय़ा ने कहा कि अगले 15 साल में देश के विकास की दिशा तय करने के लिए इन 300 मंत्रों पर सरकार काम करेगी। हालांकि कार्य बिंदुओं को अभी सार्वजनिक नहीं किया गया है,
 
किसानों का स्वमूत्र पीना!
दिल्ली के जंतर-मंतर पर धरने पर बैठे तमिलनाडु के किसानों ने अपनी समस्याओं की तरफ ध्यान खींचने के लिए अजब-गजब तरीके अपनाए हैं। तब जाकर तमिलनाडु के मुख्यमंत्री ई. पलानीसामी उनसे मिलने आए। लेकिन उनके पास देने के लिए कुछ नहीं था।