संपादक

अब जवानों के बलिदान का बदला चाहता है देश
आतंकवादी हमलों और जवानों के शहीद होने के नाम पर केंद्र में सरकार भले बदल गईं हों, लेकिन आतंकवादियों के नापाक इरादों पर कोई असर नहीं पड़ा है। हालात यहां तक पहुंच गए कि मोदी सरकार ने जिसे आतंकियों की घुसपैठ पर रोक लगाने वाला कदम बताया उसके बाद ही सीमापार से घुसपैठ और आतंकी हमलों की खबरें भी बहुतायत में आती दिखीं।
 
मुस्लिमों की आधी आबादी को आजादी
क ई विपक्षी दलों और मुस्लिम धर्म-गुरूओं के विरोध के बावजूद केंद्र की राजग सरकार ने संसद में तीन तलाक विधेयक पेश कर साहसिक पहल की है। मुस्लिम महिला (विवाह अधिकार सरंक्षण) विधेयक-2017 के प्रारूप में प्रस्तुत प्रावधान के मुताबिक इस्लाम धर्म से संबंधित कोई भी व्यक्ति यदि अपनी पत्नी को तत्काल ’तीन तलाक’ किसी भी माध्यम से देगा तो उसे तीन साल तक की सजा हो सकती है।
 
कौन है असली हत्यारा गऱीब सफाईकर्मियों का?
स्वच्छ भारत अभियान ज़ोरों पर है। होना भी चाहिए! देशभर में युद्धस्तर पर शौचालय बन रहे हैं। सरकारी कर्मचारियों की ड्यूटी लगी है और वे गांव- गांंव घूम- घूमकर खुले में शौच करने वालों को खदेड़ते नजऱ आ रहे हैं! और, दूसरी ओर देश के छोटे-बड़े शहरों में सीवरों और सेह्रिश्वटक टैंकों की सफाई करने वाले सफाई योद्धाओं की मौत के मामले बंद होने का नाम ही नहीं ले रहे हैं।
 
नववर्ष की राह : शांति की चाह
नया वर्ष है क्या? मुडक़र एक बार अतीत को देख लेने का स्वर्णिम अवसर। क्या खोया, क्या पाया, इस गणित के सवाल का सही जवाब। आने वाले कल की रचनात्मक तस्वीर के रेखांकन का प्रेरक क्षण। क्या बनना, क्या मिटाना, इस अन्वेषणा में संकल्पों की सुरक्षा पंक्तियों का निर्माण।
 
टीम इंडिया के पास अवसर
विराट कोहली के नेतृत्व में टीम इंडिया के पास एक बड़ा मौका है। टीम दक्षिण अफ्ऱीका के दौरे पर रवाना हो चुकी है। वहां इसके सामने ‘घर का शेर’ होने की छवि तोडऩे का अवसर मिलेगा। इस वक्त भारतीय टीम प्रतिभावान खिलाडिय़ों से भरपूर है। टीम बेहतरीन फॉर्म में है। घरेलू सीजन में सफलताओं से हासिल आत्म-विश्वास उसके साथ है।
 
बैंकों में जमा पैसा भी अब सुरक्षित नहीं रहा
संविधान से मिलने वाले नागरिकों के मूलभूत अधिकारों पर सरकार कानूनों के माध्यम से सीमित और खत्म करने की काम कर रही है। यह चिंता का विषय है। केंद्र सरकार फाइनेंशियल रिजाल्यूशन डिपाजिट इंश्योरेंस बिल (एफआरडीआई) बिल लेकर आ रही है।
 
कैरियर मार्गदर्शन है अहम
जीवन में कैरियर मार्गदर्शन सबसे अहम है। इसके जरिये ही हम सही राह पकड़ पाते हैं। यह एक ऐसा महत्वपूर्ण विषय है जिसका सही चयन करना बहुत ही जरूरी है। सही कैरियर मार्गदर्शन से ही आप अपने इच्छा अनुसार कैरियर के बारे में जान सकते हैं और यह भी जान सकते हैं कि क्या वह व्यवसाय या कैरियर आपके लिए सही है या नहीं । गलत कैरियर मार्गदर्शन से आपका जीवन बर्बाद हो सकता है।
 
पाक-अफगान: चीन की पटकनी ?
चीन ने भारत को पहले रोहिंग्या-मामले में मात दे दी। वह बर्मा व बांग्लादेश के बीच मध्यस्थ बन बैठा। अब वह भारत को पाक-अफगान मामले में पटकनी मारने की तैयारी कर रहा है। बड़ी खबर यह है कि पेइचिंग में अफगानिस्तान, पाकिस्तान और चीन के विदेश मंत्री मिले और उन्होंने एक संयुक्त वक्तव्य जारी कर दिया।
 
मध्यप्रदेश में नेतृत्व को लेकर दुविधा की शिकार कांग्रेस
इ से विडंबना कहे या दुर्भाग्य की मध्यप्रदेश की सत्ता से 2003 से बाहर प्रमुख विपक्षी कांग्रेस पार्टी प्रदेश के चुनाव में निरंतर पराजय और गलतियों से सबक लेने की वजह उन्हीं गलतियों को दोहराने में व्यस्त है। जिसने उसे सत्ता से बहार किया। जबकि दूसरी ओर आगामी विधानसभा चुनाव 2018 को लेकर सत्ताधारी भाजपा ने अपनी तैयारियों को पैनापन देने का कार्य शुरू कर दिया है। वहीं दूसरी ओर प्रमुख विपक्षी कांग्रेस पार्टी ने अपने संगठन चुनाव को करवा लिये।
 
राहुल गांधी को ‘स्थापित’ कर गया गुजरात चुनाव
गुजरात व हिमाचल प्रदेश में भारतीय जनता पार्टी ने अपना विजय अभियान जारी रखते हुए जहां हिमाचल प्रदेश की सत्ता कांग्रेस से छीनकर अपनी झोली में डाली है वहीं गुजरात की सत्ता पर एक बार फिर अपनी विजय पताका भी लहराई।
 
सीमा उल्लघंन का मुंहतोड़ जवाब
यह मोदी सरकार द्वारा सेना को दी गई खुली छूट का ही परिणाम है कि भारतीय थल सेना ने दूसरी बार नियंत्रण रेखा पार कर पाकिस्तानी सेना के जवानों को मार गिराया है। यह पैगाम पाक फौज की उस कायराना करतूत का बदला है, जो उसके बलों ने इसी 23 तारीख को अंजाम दिया था।
 
अजीबोगरीब ये विदेश नीति
भारत की विदेश नीति की दिशा क्या है, इसका अंदाजा लगाना फिर मुश्किल हो गया है। माना गया था कि नरेंद्र मोदी सरकार ने सिद्धांतनिष्ठता से किनारा कर देश हित में व्यावहारिक नीति अपनाई है। वह भारत को अमेरिकी धुरी के करीब ले गई है। इसका स्वाभाविक परिणाम था कि इजराइल के खुले संबंध बनते।
 
छल छद्म भरा नापाक चेहरा
पाकिस्तान ने कुलभूषण जाधव को उनके परिवार के लोगों से मिलने की इजाजत दे दी। जाधव की पत्नी और मां शीशे की दीवार के दूसरे पार बैठकर अपने परिवार के चिराग का दीदार कर पाए। क्या बात हुई क्या नहीं हुई इसका ज्यादा मतलब इसलिए नहीं है क्योंकि पाकिस्तान ने उनके हर लफ्ज पर पहरा बैठा रखा था।
 
समय से पहले बालिग होते किशोरों को सबक
गुरुग्राम के रेयान इंटरनेशनल स्कूल के दूसरी कक्षा के 7 वर्षीय प्रद्युम्न की हत्या के मामले में किशोरवय आरोपी पर बालिग की तरह मुकदमा चलेगा। किशोर न्यायालय बोर्ड ने यह फैसला सुनाते हुए प्रकरण गुडग़ांव सेशन कोर्ट को स्थानांतरित कर दिया है। अभियुक्त छात्र को बालिग मानकर उस पर व्यस्कों की तरह मुकदमा चलना उन सभी किशोंरों के लिए सबक है, जो समय से पहले बालिग होकर हिंसक व यौनिक प्रवृत्तियों के शिकार हो रहे हैं।
 
यरूशलम विवाद: शिया-सुन्नी संघर्ष की अमेरिकी साजि़श
‘बांटो और राज करो’ की जिस नीति पर चलते हुए ब्रिटिश राज ने लगभग पूरे विश्व में अपने साम्राज्य का विस्तार कर लिया था ठीक उसी नीति का अनुसरण आज अमेरिका द्वारा किया जा रहा है। परंतु बड़े आश्चर्य की बात है कि दुनिया का हर देश तथा वहां के बुद्धिमान समझे जाने वाले शासक भी अमेरिका की इस चाल से वाकिफ होने के बावजूद किसी न किसी तरह उसके चंगुल में फंस ही जाते हैं।
 
नवयुवतियां क्यों नहीं शादी करना चाहती ? मेरा जीवन मेरी पसंदगी !
भारतीय संस्कृति में हमेशा विष्णु-लक्ष्मी, ब्रह्मा-सरस्वती, शिव-पारवती, सीताराम, राधा- कृष्ण आदि की परंपरा देखने में आती हैं ,वैसे भी श्रष्टि की रचना के साथ जैसे आदम हव्वा की कहानी प्रचलित हैं या थी वैसे भारत में भी आदमी और औरत का होना बताया गया हैं। दोनों एक दूसरे के पूरक रहे हैं।
 
गुजरात: जान बची तो लाखों पाए
गुजरात में भाजपा जीत गई और कांग्रेस हार गई। जीत तो जीत है, फिर वह कैसी भी हो ! यदि भाजपा के कार्यकर्ता जश्न मना रहे हैं तो इसमें गलत क्या है ? लेकिन गुजरात के जो परिणाम आए हैं, उन्हें बारीकी से देखा जाए तो पता चलेगा कि भाजपा की यह जीत कितनी मंहगी पड़ी है। गुजरात का चुनाव जीतने के लिए भाजपा ने अपनी जान लगा दी थी।
 
राजनीति का विकास फिल्मी तर्ज पर
भा रत में स्वतंत्रता के पश्चात् विज्ञान के साथ-साथ राजनीति ने भी आशातीत सफलता अर्जित की है एक और जहां विज्ञान चन्द्रमा मंगल पर पहुंचा वहीं देश की राजनीति पाताल लोक पहुंच गई। जहां एक समय राजनीति समाज सेवा का मिशन हुआ करती थी आज धंधा बन एक कार्पोरेट की तरह व्यवहार कर रही है यूं तो धन्धे के भी अपने-अपने असूल होते हैं पहले प्रोडक्ट की गुणवत्ता पर कोई समझौता नहीं होता था
 
शीघ्र न्याय की आकांक्षा
मधु कोड़ा को बहुचर्चित कोयला घोटाले में सीबीआई कोर्ट ने दोषी ठहराया। उनके साथ-साथ झारखंड के पूर्व मुख्य सचिव ए.के. बसु, खनन निदेशक विपिन बिहारी सिंह, नौकरशाह बीके भट्टाचार्य और पूर्व केंद्रीय कोयला सचिव एच.सी. गुप्ता भी दोषी करार दिए गए हैं।
 
अब हिंद महासागर में दिखेगा आईएनएस कलवरी का दम
देश सुरक्षा के क्षेत्र में दिनों दिन मजबूत होता जा रहा है। इसी कड़ी में ‘कलवरी’ को भी लिया जाना चाहिए। दरअसल नेवी के बेड़े में शामिल पनडुब्‍बी आईएनएस कलवरी हिंद महासागर में पूरे दम-खम के साथ तैनात कर दी गई है। इस विशेष अवसर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी मुंबई के तेह डाकयार्ड पहुंचे और उन्होंने इसके लिए भारतीय नौसेना को बधाई दी।