समाचार ब्यूरो
18/11/2017  :  11:00 HH:MM
अमेरिकी विशेषज्ञ ने ओबीओआर के खिलाफ खड़े होने पर मोदी की तारीफ
Total View  389

वाशिंगटन अमेरिका के एक शीर्ष विशेषज्ञ ने भारतीय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की तारीफ करते हुए कहा कि वह दुनिया के एकमात्र ऐसे नेता हैं जो चीन के वन बेल्ट वन रोड परियोजना के खिलाफ आत्मविश्वास के साथ खडे हैं। उन्होंने कहा कि अमेरिका सरकार की आलोचना करते हुए कहा कि अमेरिका जैसा देश भी चीन की इस परियोजना पर चुह्रश्वपी साधे हुए है।
अमेरिका के प्रतिष्ठित थिंक टैंक हडसन इंस्टिट्यूट के सेंटर ऑन चाइनीज स्ट्रैटिजी के निदेशक माइकल पिल्सबरी ने यह बात अमेरिकी सांसदों के समक्ष कही। माइकल ने कहा मोदी और उनकी टीम ने चीन की इस महत्वाकांक्षी परियोजना के खिलाफ आवाज उठाई है। उन्होंने कहा कि चीन की यह परियोजना भारतीय संप्रभुता का उल्लंघन है। इस मामले में उन्होंने अमरीकी सरकार को घेरते हुए कहा कि इस संवेदनशील मसले पर अमेरिकी सरकार ने चुह्रश्वपी साध रखी है। उन्होंने कहा चीन की वन बेल्ट वन रोड परियोजना को शुरू हुए पांच साल हो गए हैं, लेकिन अमेरिकी सरकार ने शुरूआती दौर को छोडकर अब तक इस पर चुह्रश्वपी साध रखी है। उल्लेखनीय है कि वन बेल्ट वन रोड चीन की महत्वकांक्षी परियोजना है। इस परियोजना की मदद से चीन दुनिया के दूसरे हिस्सों को जोडते हुए आर्थिक कॉरिडोर बनाना चाहता है। इसमें चाइना पाकिस्तान इकानॉमिक कॉरिडोर भी शामिल है, जिसकी लागत 50 बिलियन डॉलर है। यह कॉरिडोर पाक अधिकृत कश्मीर से गुजरता है, जिस पर भारत अपना दावा करता है।






Enter the following fields. All fields are mandatory:-
Name :  
  
Email :  
  
Comments  
  
Security Key :  
   5641029
 
     
Related Links :-
नागेश्वर राव अंतरिम डायरेक्टर नियुक्त
पाक की आतंकी सूची में हाफिज का संगठन नही
सऊदी विदेश मंत्री ने कहा कि वकील नई सूचनाओं के आधार पर जांच जारी रखेंगे सऊदी ने फिर बदला बयान, कहापूर्वनियोजित थी खशोगी की हत्या
रहीशा खान ने दी महर्षि वाल्मीकि जयंती पर शुभकामनाए
नागेश्वर राव अंतरिम डायरेक्टर नियुक्त
रूसी राष्‍ट्रपति व्‍लादिमीर पुतिन ने रेल हादसे पर जताया गहरा दुख
बांग्लादेशी हिंदुओं को पीएम का दिवाली गिफ्ट शेख हसीना ने मंदिर को दान की 43 करोड़ की डेढ़ बीघा जमीन
क्रीमिया कॉलेज में आत्मघाती हमला, 18 लोगों की मौत
युगांडा में भारी बारिश, भूस्खलन के बाद नदी उफनी, 41 लोगों की मौत
188 मत हासिल कर भारत ने जीता यूएन मानवाधिकार परिषद का चुनाव