Breaking News
बिहार में बाढ़ का तांडव, 29 लोगों की जान गई  |  भारत का लंबा प्रयास हो रहा निष्प्रभावी अफगानिस्तान-अमेरिका ने शांति वार्ता से भारत को किया अलग  |  गुरुग्राम को हरा भरा और प्रदूषण मुक्त करना सभी की जिम्मेदारी : राव  |  दिल्ली-एनसीआर क्षेत्र में महिलाओं की सुरक्षा को लेकर चर्चा  |  पुलिस आयुक्त मोहम्मद अकिल और उपायुक्त अमित खत्री सम्मानित  |  अशोक सांगवान की अध्यक्षता में गुरुग्राम महानगर विकास प्राधिकरण की बैठक जल भराव संबंधी शिकायतों के लिए बना कंट्रोल रूम  |  हुनरमंद युवा अपनी प्रतिभा के दम पर प्राप्त कर सकेगा रोजगार :बीरपंथी  |  बरसात के बाद जी.टी. रोड पर भरा पानी, राहगीर हुए परेशान  |  
 
 
समाचार ब्यूरो
12/10/2018  :  12:01 HH:MM
डिप्रेशन, एंग्‍जाइटी और ओसीडी के इलाज के लिए माइंडफुल टीएमएस न्यूरोकेयर की क्रांतिकारी पद्धति-अब भारत मे
Total View  616

नई दिल्ली डप्रेशनके इलाज के लिए भारत की पहली सुपर स्पेशलाइज्ड न्यूरोकेयर सेंटर्स की श्रृंखला माइंडफुल टीएमएस न्यूरोकेयर को लॉन्‍च किया गया। इसे रंगसंस आल्‍थकेयर द्वारा पेश किया गया है जोकि एनआर ग्रुप का हिस्‍सा है और लोकप्रिय अगरबत्‍ती ब्रांड साइकल ह्रश्व‍योर अगरबत्‍तीज की मूल कंपनी है।

यह अपनी तरह का पहला सेंटर होगा जो भारत में डिप्रेशन, एंग्जाइटी और ओसीडी के इलाज के लिए यूएस एफडीए-मान्‍यता प्राह्रश्व‍त ट्रांसक्रैनियल मैग्नेटिक स्टिम्युलेशन (टीएमएस) का इस्तेमाल करेगा।रंगसंस के एमडी पवन रंगा के साथ ही मनोचिकित्सा व व्यवहारगत न्यूरोसाइंसेस विभाग, लोयोला यूनिवर्सिटी मेडिकल सेंटर, शिकागो, अमेरिका के प्रोफेसर और चेयरमैन डॉ. मुरली एस. राव तथा नई दिल्ली के वरिष्ठ मनोचिकित्सक डॉ. जतीन उकरानी उपस्थित थे।दुनिया भर में टीएमएस डिप्रेशन के लिए एक असरदार नॉन-ड्रग आधारित
उपचार के तौर पर उभरा है जिसमें कोई साइड इफेक्ट नहीं हैं।
इसने डिप्रेशन, ओसीडी और एडिक्‍शन जैसी मानसिक बीमारियों को हराने में हजारों रोगियों की मदद की है। यह उन लोगों के लिए भी असरदार साबित हुआ है जिन पर एंटीड्रिप्रेसेंट काम करने में नाकाम रहे हैं। इसके असर को मान्यता देते हुए, दुनियाभर में कई स्वास्थ्य बीमा कंपनियां टीएमएस उपचार को कवर करती हैं। ट्रांसक्रैनियल मैग्नेटिक स्टिम्युलेशन (टीएमएस) एक बिना चीरफाड़ वाली प्रक्रिया है जिसमें दिमाग में लक्षित कोशिकाओं और न्‍यूरोट्रांसमिटर्स को स्टिमुलेट करने के लिए मैग्‍नेटिक फील्‍ड्स का प्रयोग किया जाता है। ताकि
डिप्रेशन और अन्‍य मानसिक बीमारियों के लक्षणों को सुधार जा सके।

 एक नियमित टीएमएस का सत्र लगभग 19 मिनट तक चलता है और उन्नत संस्करण करीब 9 मिनट, जिसके बाद रोगी तुरंत अपनी सामान्य गतिविधियां फिर से शुरू कर सकते हैं।रंगसंस के एमडी और एनआर ग्रुप के मैनेजिंग पार्टनर श्री पवन रंगा ने कहा, ‘वर्तमान में, डिप्रेशन और एडिक्‍शन बीमारियां बड़ी आम हो चली हैं जिसने भारत की आबादी के एक बड़े हिस्से को प्रभावित किया है। मैंने डिप्रेशन के मरीजों के परिवारों द्वारा झेली जाने वाली पीड़ा का अनुभव किया है। भारत में मानसिक बीमारियों के साथ तंबाकू की चुनौतियां भी जुड़ी हुई हैं, और जागरुकता की कमी के कारण वे शायद इस बीमारी का सामना कर रहे हैं। परिणमस्‍वरूप, डिप्रेशन से पीडि़त अधिकांश लोग सामने आकर मदद नहीं मांगते हैं। माइंडफुल एमएस न्‍यूरोकेयर में हमारा उद्देश्‍य, जागरुकता पैदा करना और उन मरीजों की मदद करना है जिन्‍होंने इलाज को लेकर प्रतिक्रिया नहीं दी है। हमारी सबसे बड़ी ताकत है कि हम वैश्विक हैं।






Enter the following fields. All fields are mandatory:-
Name :  
  
Email :  
  
Comments  
  
Security Key :  
   2501687
 
     
Related Links :-
हार्ट में 2 छेद वाले बच्चे को मिली नई जिंदगी
एमजीएफ मैट्रोपॉलिटन मॉल में लगा कंपोस्ट ह्रश्वलांट
हरियाणा अव्वल स्थान पर रहा प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना में: अनिल विज
स्वास्थ्य जागरूकता कार्यक्रम 6 जुलाई को अंबाला में : कादियान
स्वस्थ जीवन की शुरुआत करने में सहयोग करें : मनोहर लाल
पीएम के साथ कॉस्मॉस-माया के मोटू-पतलू ने किया योगासन
महिलाओं में शर्मसार करने वाली बीमारी का बढ़ रहा है प्रकोप
हरियाणा में हर जिले से हलका स्तर पर योग दिवस के कार्यक्रम, सोनीपत में कविता जैन ने किया योग जीवन शैली में परिवर्तन लाएगा योगा
फाइनल रिहर्सल : 4 हजार से अधिक साधकों ने एक साथ किया योगाभ्यास
अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के आयोजन की तैयारियों को अंतिम रूप